oxygen found in the galaxy:ऑक्सीजन ब्रह्मांड के सबसे महत्वपूर्ण तत्वों में से एक है, जो जीवन के लिए आवश्यक मानी जाती है। हाल ही में वैज्ञानिकों ने एक चौंकाने वाली खोज की है, जिसमें oxygen found in the galaxy, oxygen in the universe, oxygen in the space, oxygen in distant galaxy और oxygen in galaxy से जुड़ा नया अध्याय सामने आया है।
यह ऑक्सीजन ब्रह्मांड की सबसे दूर स्थित आकाशगंगा में पाई गई है, जिससे यह साबित होता है कि तारे और ग्रह बनने की प्रक्रिया ब्रह्मांड के शुरुआती समय में ही शुरू हो चुकी थी। यह खोज न सिर्फ खगोल विज्ञान के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि यह हमें यह समझने में भी मदद करती है कि जीवन के लिए जरूरी तत्व कितनी जल्दी और कैसे ब्रह्मांड में बने।
oxygen found in the galaxy: सबसे दूर की आकाशगंगा में ऑक्सीजन का पता चला, खगोल विज्ञान के नए अध्याय की शुरुआत
वैज्ञानिकों ने अब तक की सबसे दूर की पुष्टि की गई आकाशगंगा में ऑक्सीजन (oxygen in the universe) का पता लगाया है, जिसका नाम “JADES-GS-z14-0” है। यह खोज खगोल विज्ञान में एक बहुत बड़ा कदम है क्योंकि यह ब्रह्मांड के शुरुआती इतिहास और रासायनिक विकास को समझने में नई राह खोलती है।

oxygen found in the galaxy: सबसे दूर की आकाशगंगा कौन है?
“JADES-GS-z14-0” आकाशगंगा को 2024 में JWST (James Webb Space Telescope) के JADES (JWST Advanced Deep Extragalactic Survey) प्रोग्राम के अंतर्गत खोजा गया था। इसका रेडशिफ्ट लगभग z ≈ 14.18 है, जिसका मतलब है कि हम इसे उस समय देख रहे हैं जब ब्रह्मांड केवल लगभग 300 मिलियन वर्ष पुराना था, यानी वर्तमान ब्रह्मांड का लगभग 2% हिस्सा था।
oxygen found in the galaxy:ऑक्सीजन का पता (oxygen in the space) कैसे चला?
चिली में स्थित ALMA (Atacama Large Millimeter/submillimeter Array) टेलीस्कोप ने इस आकाशगंगा के प्रकाश में ऑक्सीजन (oxygen) के 88 माइक्रोन फाइन-स्टक्चर लाइने का पता लगाया। यह लाइन बहुत साफ़ और विश्वसनीय थी, जिससे वैज्ञानिकों ने दूरी और रासायनिक संरचना बहुत सटीकता से मापी—0.005% तक का त्रुटि मार्जिन।
oxygen found in the galaxy: यह खोज क्यों महत्वपूर्ण है?
इस खोज ने ब्रह्मांड के प्रारंभिक रासायनिक विकास से जुड़ी हमारी समझ को चुनौती दी है:
ऑक्सीजन एक “भारी तत्व” है, और इसके बनने के लिए पहले कम से कम दो पीढ़ियों के तारे जन्म लेकर मर चुके होने चाहिए—यह साबित करता है कि तारे और इन्होंने सुंदरुप से बहुत जल्दी बने और खत्म हुए।
ALMA और JWST के संयोजन से पता चलता है कि JADES-GS-z14-0 में गैस-फेज मेटैलिसिटी (धातुओं की मात्रा) लगभग सूर्य के एक-पाँचवे भाग के बराबर है—यह अपेक्षित मात्रा से लगभग 10 गुना अधिक है।

oxygen found in the galaxy: खगोल विज्ञान मॉडल पर प्रभाव
यह खोज कई मौजूदा सिद्धांतों को चुनौती देती है:
पारंपरिक “धीमे विकास वाले” मॉडल अनुमान लगाते हैं कि भारी तत्त्वों (जैसे ऑक्सीजन) की विकासात्मक प्रक्रिया में सैकड़ों लाखों वर्ष लगते हैं। लेकिन यहाँ यह समय केवल 300 मिलियन वर्ष है—बहुत तेजी से रासायनिक परिपक्वता हुई है।
यह संकेत देता है कि उस युग में स्टार-फॉर्मेशन बहुत तेज या सुपरनोवा मलबा पुरे गैलेक्सी में जल्दी फैला हो सकता है।
इसके अतिरिक्त, आंतरिक गैस (oxygen in galaxy) त्वरित गति से चला इसमें एक मोटा गहरे (डार्क मैटर) का बड़ा हल्क मौजूद होने का अंदेशा भी मिलता है।
oxygen found in the galaxy: वैज्ञानिकों की प्रतिक्रियाएं
Sander Schouws (Leiden Observatory):
“यह ऐसा है जैसे शिशु की अपेक्षा किशोर मिल गया हो”—यानी हम उस युग में एक बहुत जवान, तेज-तर्रार आकाशगंगा देख रहे हैं।
Stefano Carniani (Pisa):
“मैं इस अप्रत्याशित परिणामों से स्तब्ध था … इसने शुरुआती आकाशगंगाओं के विकास की समझ खोल दी।”
अन्य वैज्ञानिक भी हैरान हैं और मानते हैं कि मॉडल्स में तेज़ तारे बनाने या मिक्सिंग की दरें बढ़ानी होंगी, साथ ही डार्क मैटर हैलोस पर पुनर्विचार करना होगा।

oxygen found in the galaxy: आगे की संभावनाएँ और भविष्य की योजनाएँ
JWST आगे कार्बन और नाइट्रोजन लाइनों का पता लगाने की तैयारी में है।
ALMA उच्च-आवृत्ति अभियानों के माध्यम से धूल (dust) की खोज करेगा ताकि गैलेक्सी की पूरी धातु और धूल की संरचना समझी जा सके।
आने वाले Extremely Large Telescope (ELT) जैसे उपकरण छोटे-छोटे तारकीय समूहों को भी अलग से देख सकेंगे।
ALMA भविष्य में रेडशिफ्ट 12 के अन्य प्रत्याशित गैलेक्सियों में ऑक्सीजन खोजने की योजना बना रहा है—यह देखने के लिए कि JADES-GS-z14-0 एक अनूठा मामला है, या ऐसी कई गैलेक्सियाँ थीं।
यह खोज ब्रह्मांड के आरंभिक इतिहास की लुप्त जानकारियों में से एक है। JADES-GS-z14-0 में ऑक्सीजन की मौजूदगी यह स्पष्ट करती है कि ब्रह्मांड ने अपेक्षा से कहीं अधिक जल्दी रासायनिक संरचना इकठ्ठा की। यह खोज वैज्ञानिकों को नए मॉडल्स और सिद्धांतों पर काम करने के लिए प्रेरित कर रही है।